औरंगाबाद में प्रशासन का बड़ा प्रहार: अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई में 11,300 घनफीट बालू जब्त
Magadh Express:औरंगाबाद जिले में अवैध खनन और बालू के अवैध भंडारण के खिलाफ जिला प्रशासन ने एक बार फिर अपनी सख्ती दिखाई है। जिला पदाधिकारी श्रीमती अभिलाषा शर्मा के सख्त निर्देश पर जिला खनन विभाग की टीम ने दाउदनगर थाना क्षेत्र में छापेमारी कर भारी मात्रा में अवैध बालू बरामद किया है। इस कार्रवाई से बालू माफियाओं में हड़कंप मच गया है।
क्या है पूरा मामला?
रविवार, 12 जुलाई 2026 को जिला खनन पदाधिकारी श्री विकास कुमार के मार्गदर्शन में एक विशेष टीम गठित की गई। खान निरीक्षक श्री कुमार प्रत्यूष के नेतृत्व में विभाग की टीम ने दाउदनगर के ग्राम केरा में ईंट-भट्ठा के समीप स्थित संदिग्ध स्थलों पर छापेमारी की।
जांच के दौरान टीम को पांच अलग-अलग स्थानों पर बड़ी मात्रा में बालू का अवैध भंडारण मिला। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने तुरंत मापी शुरू की, जिसमें कुल 11,300 घनफीट बालू बरामद हुआ।

कोई नहीं आया सामने, अज्ञात पर प्राथमिकी की अनुशंसा
छापेमारी के दौरान जब स्थानीय लोगों से भंडारित बालू के कागजात और इसके मालिक के बारे में पूछताछ की गई, तो कोई भी व्यक्ति सामने नहीं आया। अधिकारियों को प्रथम दृष्टया यह मामला अवैध खनन के माध्यम से बालू लाकर बिना किसी वैध अनुमति के भंडारण करने का प्रतीत हो रहा है।
खनन विभाग ने इस मामले को बिहार मिनरल्स (कनसेशन, प्रिवेंशन ऑफ इल्लीगल माइनिंग, ट्रांसपोर्टेशन एंड स्टोरेज) नियमावली, 2019 का उल्लंघन माना है। खान निरीक्षक ने दाउदनगर थाने में लिखित आवेदन देकर अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने की अनुशंसा की है।
पुख्ता सबूतों के साथ निगरानी
जांच टीम ने छापेमारी के दौरान सभी स्थलों की जीपीएस लोकेशन ली है। साथ ही, साक्ष्य के रूप में पूरी कार्रवाई की फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी भी कराई गई है। बरामद बालू की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय 3-सी बालू घाट के बंदोबस्तधारी श्री रमेश कुमार भारती को विशेष निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है, ताकि जब्त माल की चोरी न हो सके।
प्रशासन का दो टूक संदेश
जिला प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि बालू का अवैध कारोबार न केवल सरकारी राजस्व को भारी नुकसान पहुँचा रहा है, बल्कि यह पर्यावरण के लिए भी गंभीर खतरा है। प्रशासन के अधिकारियों ने कहा है कि जिले में अवैध खनन के खिलाफ यह अभियान निरंतर जारी रहेगा।इस धंधे में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।भविष्य में ऐसी गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी ताकि सरकारी खजाने और पर्यावरण की सुरक्षा हो सके।
इस बड़ी कार्रवाई के बाद अब दाउदनगर क्षेत्र में बालू माफियाओं की गतिविधियों पर पूर्ण विराम लगाने के लिए प्रशासन ने रणनीति तेज कर दी है।
