सिंचाई सुविधा को लेकर कुटुम्बा विधायक ललन राम को सौंपा गया ज्ञापन, किसानों की बदहाली से कराया अवगत
संदीप कुमार
नवीनगर प्रखंड अंतर्गत टंडवा क्षेत्र के किसानों की वर्षों पुरानी सिंचाई समस्या को लेकर एक प्रतिनिधिमंडल ने कुटुम्बा विधायक ललन राम को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से नवीनगर प्रखंड के छह पंचायत—टंडवा, बसडीहा, खजुरी पांडू, मूँगिया, रामनगर और हरिहर उरदाना में शीघ्र सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की गई।
प्रतिनिधिमंडल ने विधायक को अवगत कराया कि आज़ादी के 78 वर्ष बीत जाने के बावजूद उक्त पंचायतों में आज तक कोई ठोस सिंचाई व्यवस्था नहीं है। इसके कारण क्षेत्र के किसान वर्षा पर पूरी तरह निर्भर हैं और खेती लाभकारी नहीं रह गई है। सिंचाई के अभाव में किसान आर्थिक तंगी और निराशा भरी जिंदगी जीने को मजबूर हैं।
उत्तर कोयल व सोन नदी से सिंचाई योजना की मांग
ज्ञापन में मांग की गई कि उत्तर कोयल नदी के मोहम्मदगंज बराज (जीरो आरडी) से नहर निकालकर टंडवा, मूँगिया, बसडीहा, खजुरी पांडू,मूँगिया और हरिहर उरदाना पंचायत की असिंचित भूमि को सिंचित किया जाए। इसके साथ ही यह भी प्रस्ताव रखा गया कि उत्तर कोयल नदी या सोन नदी से पाइपलाइन के माध्यम से पानी लाकर ढनढनवा नदी, रामरेखा नदी, होल्यानटी तथा पुनपुन नदी में प्रवाहित किया जाए, ताकि इन नदियों के माध्यम से क्षेत्र के हर खेत तक सिंचाई का पानी पहुंच सके।
पुनपुन नदी के संरक्षण की भी उठी मांग
ज्ञापन में पुनपुन नदी की वर्तमान दयनीय स्थिति पर भी गंभीर चिंता जताई गई। बताया गया कि पुनपुन नदी एक मोक्षदायिनी नदी है, जहां धार्मिक ग्रंथों के अनुसार मरणोपरांत प्रथम पिंडदान की परंपरा है। लेकिन वर्तमान समय में ग्राम पंचायत टंडवा के खजुरी टिका से लेकर टंडवा और नवीनगर तक पुनपुन नदी अतिक्रमण का शिकार हो चुकी है। शहरों और गांवों का गंदा पानी एवं नालों का बहाव सीधे नदी में जा रहा है, जिससे नदी का अस्तित्व संकट में है।
प्रतिनिधिमंडल ने सरकार से मांग की कि पुनपुन नदी के संरक्षण, पुनर्जीवन और अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए “पुनपुन नदी प्रोजेक्ट” तैयार कर उसे शीघ्र लागू किया जाए, ताकि नदी की धार्मिक, सांस्कृतिक और सिंचाई संबंधी महत्ता बनी रहे।
विधायक ने दिया भरोसा
विधायक ललन राम ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और आश्वासन दिया कि संबंधित विभागों को पत्र भेजकर तथा सदन के माध्यम से राज्य और केंद्र सरकार के समक्ष इन सिंचाई योजनाओं को मजबूती से उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसानों के हर खेत तक पानी पहुंचाना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है और इस दिशा में हर संभव प्रयास किए जाएंगे।
ज्ञापन सौंपने के दौरान किसानों ने उम्मीद जताई कि यदि प्रस्तावित सिंचाई योजनाएं धरातल पर उतरती हैं तो क्षेत्र के हजारों किसानों को लाभ मिलेगा और खेती फिर से समृद्धि की ओर हो सकेगी।
