ड्रग्स पर ‘त्रिकोणीय’ हमला: शाह बोले- अब कार्टेल को जड़ से खत्म करने का समय
नई दिल्ली: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देश में नशे के कारोबार पर अब तक का सबसे बड़ा और चौतरफा प्रहार करने का ऐलान किया है। मंगलवार को एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) प्रमुखों के राष्ट्रीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि अब छोटे-मोटे तस्करों को पकड़ने के बजाय ड्रग्स के पूरे नेटवर्क और कार्टेल को नेस्तनाबूत करने का समय आ गया है। इस दौरान उन्होंने ‘त्रिकोणीय रणनीति’ का मंत्र दिया, जिसके तहत ड्रग्स के खिलाफ लड़ाई को और भी आक्रामक बनाया जाएगा।
सम्मेलन के दौरान ही देशभर के 11 स्थानों पर लगभग 4800 करोड़ रुपये मूल्य की 1.37 लाख किलोग्राम से अधिक जब्त ड्रग्स को नष्ट किया गया।
क्या है शाह की ‘त्रिकोणीय रणनीति’?
गृह मंत्री ने कहा कि नशे के समूल नाश के लिए तीन मोर्चों पर एक साथ काम करना होगा:
रूथलेस अप्रोच: ड्रग्स की सप्लाई चेन को तोड़ने के लिए पूरी तरह से निर्मम रवैया अपनाना होगा।
स्ट्रैटेजिक अप्रोच: नशीली दवाओं की मांग को कम करने के लिए एक रणनीतिक दृष्टिकोण अपनाना होगा।

ह्यूमन अप्रोच: जो नशे के आदी हो चुके हैं, उनके प्रति मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए इलाज और पुनर्वास पर जोर देना होगा।
सिंथेटिक ड्रग्स और विदेशी भगोड़ों पर निशाना
अमित शाह ने भविष्य के खतरे से आगाह करते हुए कहा कि सिंथेटिक ड्रग्स और इन्हें बनाने वाली अवैध लैब्स का चलन बढ़ेगा, जिसे शुरू होने से पहले ही कुचलना होगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि विदेश में बैठकर भारत में ड्रग्स का नेटवर्क चलाने वाले भगोड़ों को अब भारतीय कानून के शिकंजे में लाने का वक्त आ गया है। इसके लिए उन्होंने सीबीआई, एनसीबी और राज्य पुलिस का एक संयुक्त तंत्र बनाने का निर्देश दिया, जो ऐसे अपराधियों के प्रत्यर्पण (Extradition) और निर्वासन (Deportation) पर तेजी से काम करे।
आधुनिक तकनीक और राज्यों को कड़े निर्देश
गृह मंत्री ने कहा कि ड्रग्स कार्टेल अब डार्कनेट, क्रिप्टोकरेंसी और आधुनिक लॉजिस्टिक्स का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिनसे निपटने के लिए हमें भी उन्नत तकनीक अपनानी होगी। उन्होंने राज्यों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए:
हर राज्य में वित्तीय लेन-देन (हवाला, क्रिप्टो) की जांच के लिए एक विशेष दस्ता बनाया जाए।
नारकोटिक्स-केंद्रित फॉरेंसिक लैब की स्थापना हो ताकि केस मजबूत बनें।
हर बड़े केस में नेटग्रिड (NETGRID) का उपयोग कर पूरे नेटवर्क को ध्वस्त किया जाए।
आंकड़े पेश करते हुए उन्होंने बताया कि 2014 से 2025 के बीच 1 लाख 65 हजार करोड़ रुपये की ड्रग्स जब्त की गई और 7 लाख 61 हजार लोगों को गिरफ्तार किया गया, जो पिछले दशक की तुलना में कई गुना अधिक है। हालांकि, उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि अभी भी समस्या के मुकाबले छोटी है और इस लड़ाई को और तेज करना होगा।