Aurangabad :नवीनगर में कुदरत का कहर: आंधी-पानी से जनजीवन अस्त-व्यस्त, 16 घंटे से अंधेरे में डूबा इलाका
Magadh Express: बुधवार की शाम आए भीषण आंधी और मूसलाधार बारिश ने नवीनगर प्रखंड क्षेत्र में भारी तबाही मचाई है। चक्रवात जैसी रफ्तार वाली हवाओं ने जहाँ बिजली व्यवस्था को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया है, वहीं सड़कों पर गिरे पेड़ों और क्षतिग्रस्त पंडालों के कारण शादी-ब्याह के इस मौसम में खुशियाँ भी प्रभावित हुई हैं।
16 घंटे से बिजली गुल, पेयजल का संकट गहराया
नवीनगर फीडर से होने वाली विद्युत आपूर्ति बुधवार शाम 7 बजे से ही ठप है। 16 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद भी शहरी और ग्रामीण क्षेत्र अंधेरे में डूबे हुए हैं। बिजली न होने के कारण जलापूर्ति व्यवस्था चरमरा गई है, जिससे भीषण गर्मी और उमस के बीच लोगों को पानी की बूंद-बूंद के लिए भटकना पड़ रहा है। इसके अलावा मोबाइल चार्जिंग और अन्य घरेलू कार्य भी पूरी तरह प्रभावित हैं।

बिजली के पोल टूटे, तारों पर गिरे पेड़
तेज हवाओं के कारण इलाके में कई जगहों पर बिजली के पोल उखड़ गए हैं और बड़े-बड़े पेड़ तारों पर गिर पड़े हैं। इससे ग्रिड और वितरण प्रणाली को भारी नुकसान पहुँचा है। बिजली विभाग की टीमें युद्ध स्तर पर मरम्मत कार्य में जुटी हैं। विभाग के अनुसार, गुरुवार शाम तक आपूर्ति बहाल होने की संभावना है।
सड़कों पर यातायात बाधित, बारातियों की बढ़ी मुश्किल
आंधी का असर सड़कों पर भी साफ दिखा। मुख्य मार्गों और ग्रामीण सड़कों पर दर्जनों पेड़ गिर जाने से आवागमन घंटों बाधित रहा। लगन का समय होने के कारण बारातियों और आम राहगीरों को भारी परेशानी हुई। कई स्थानों पर ग्रामीणों ने स्वयं कुल्हाड़ी और रस्सी की मदद से रास्ता साफ करने की कोशिश की।

शादी समारोहों में भारी नुकसान
शादी वाले घरों में आंधी ने सबसे ज्यादा नुकसान किया है। उत्सव के लिए लगाए गए टेंट, पंडाल और मंडप उड़ गए। कई गांवों में कच्चे मकानों की छतें (टीन-करकट) उड़ जाने से घरों में रखा अनाज और सामान बारिश में भीगकर बर्बाद हो गया।
विभाग का प्रयास जारी
बिजली विभाग के कर्मियों का कहना है कि वे क्षतिग्रस्त पोल और तारों को दुरुस्त करने के लिए लगातार फील्ड में काम कर रहे हैं। ग्रामीणों से धैर्य बनाए रखने की अपील की गई है ताकि सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए जल्द से जल्द सेवा शुरू की जा सके।
संवाददाता: संदीप कुमार,नवीनगर, औरंगाबाद